उत्तराखंड में गर्मी का कहर। स्कूल टाइम बदला, हीट वेव का अलर्ट जारी
- मैदान से पहाड़ तक बढ़ा तापमान, बच्चों और संवेदनशील वर्गों के लिए प्रशासन ने उठाया बड़ा कदम
देहरादून। उत्तराखंड में तेज होती गर्मी अब खतरे की घंटी बन चुकी है। मैदानी इलाकों के साथ-साथ पहाड़ी क्षेत्रों में भी तापमान तेजी से बढ़ रहा है।
चिलचिलाती धूप और उमस भरी गर्मी ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। खासकर स्कूली बच्चों, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों के लिए हालात चुनौतीपूर्ण होते जा रहे हैं।
प्रशासन का बड़ा फैसला
उधमसिंह नगर जिले में हीट वेव की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाए हैं। 22 अप्रैल 2026 से एक सप्ताह तक सभी सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों के साथ-साथ आंगनबाड़ी केंद्रों के समय में बदलाव किया गया है।
नया स्कूल टाइम टेबल
- आंगनबाड़ी (नर्सरी): सुबह 7:30 बजे से 11:00 बजे तक
- कक्षा 1 से 12 (सरकारी/प्राइवेट): सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक
इस निर्णय का उद्देश्य बच्चों और अन्य संवेदनशील वर्गों को भीषण गर्मी से बचाना है।
मौसम विभाग का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून के अनुसार
- मैदानी क्षेत्रों में तापमान लगातार बढ़ रहा है
- अगले 4–5 दिनों तक राहत के कोई संकेत नहीं
- हीट वेव जैसी स्थिति बनने की संभावना
- डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ा
सख्त निर्देश
प्रशासन ने सभी स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और संबंधित अधिकारियों को आदेश का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं। उल्लंघन करने पर आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 के तहत कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
जनजीवन पर असर
सूरज के तल्ख तेवरों ने आम लोगों की दिनचर्या बदल दी है।
- दिन के समय लोग घरों से निकलने से बच रहे हैं
- स्कूली बच्चों को गर्मी में परेशानी का सामना
- कामकाजी वर्ग की दिनचर्या प्रभावित
- पहाड़ी इलाकों में भी गर्मी का असर साफ महसूस
आगे क्या?
बढ़ती गर्मी के बीच प्रशासन का यह फैसला राहत भरा जरूर है, लेकिन संकेत साफ हैं अभी तापमान और बढ़ सकता है। ऐसे में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।
(सलाह)
- ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
- दोपहर में धूप से बचें
- बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें
उत्तराखंड में इस बार गर्मी ने समय से पहले ही तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। अगर हालात ऐसे ही बने रहे, तो आने वाले दिनों में और सख्त फैसले देखने को मिल सकते हैं।

