शहीदों को नमन, पर्यावरण संरक्षण और रक्तदान का संकल्प। प्रेमनगर में धूमधाम से मना स्वतंत्रता दिवस

शहीदों को नमन, पर्यावरण संरक्षण और रक्तदान का संकल्प। प्रेमनगर में धूमधाम से मना स्वतंत्रता दिवस

प्रेमनगर। 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दून वैली महानगर उद्योग व्यापार मंडल, प्रेमनगर इकाई की ओर से देशभक्ति और सामाजिक सरोकारों से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत हवन के साथ हुई, जिसमें व्यापार मंडल की पूरी टीम और उपस्थित अतिथियों ने आहुति देकर देश के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद विधिवत ध्वजारोहण कर राष्ट्रध्वज को सलामी दी गई और सभी ने देश की एकता, अखंडता एवं समृद्धि का संकल्प लिया।

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए पौधों को लगाया गया और लोगों को पौधे वितरित किए गए। वहीं जरूरतमंदों की मदद के उद्देश्य से रक्तदान शिविर का भी आयोजन किया गया, जिसमें लोगों ने उत्साहपूर्वक रक्तदान कर सामाजिक जिम्मेदारी निभाई।

कार्यक्रम के दौरान गुरु महाराज जी के आशीर्वाद से लंगर सेवा का भी आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में लोगों ने लंगर प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन में समाजसेवियों, व्यापारियों, महिला शक्ति और विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारियों ने सक्रिय सहभागिता की।

कार्यक्रम में उत्तराखंड सरकार के राज्य मंत्री विश्वास डावर, दून वैली महानगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष पंकज मेसन, सुशील अग्रवाल, अर्चित डावर सहित प्रेमनगर क्षेत्र के व्यापारी, विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारी, महिला शक्ति तथा क्लीन एंड ग्रीन सोसाइटी की पूरी टीम मौजूद रही।

इस अवसर पर दून वैली महानगर उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष पुनीत सहगल ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों, व्यापारियों, सामाजिक संस्थाओं, महिला शक्ति और प्रेमनगर की जनता का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि समाज और जनता के सहयोग से ही इस तरह के सामाजिक एवं राष्ट्रहित के कार्यों को आगे बढ़ाने की शक्ति मिलती है।

उन्होंने सभी सहयोगियों का धन्यवाद करते हुए कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि देश और समाज के प्रति अपने दायित्वों को निभाने का अवसर भी है। हवन, शहीदों को श्रद्धांजलि, ध्वजारोहण, रक्तदान, पौध वितरण और लंगर सेवा के माध्यम से स्वतंत्रता दिवस को सामाजिक सरोकारों से जोड़ने का प्रयास किया गया।

कार्यक्रम का समापन देशभक्ति के नारों के साथ हुआ। इस दौरान “जय हिंद, जय भारत, जय उत्तराखंड” के उद्घोष से पूरा क्षेत्र गूंज उठा।