क्राइम अपडेट: पिथौरागढ़ में अवैध रेंटल बंद, जंगल के दुश्मनों पर केस, देहरादून केस में नया मोड़

पिथौरागढ़ में अवैध रेंटल बंद, जंगल के दुश्मनों पर केस, देहरादून केस में नया मोड़

देहरादून। उत्तराखंड में कानून व्यवस्था और प्रवर्तन एजेंसियों ने अलग-अलग मामलों में बड़ी कार्रवाई की है। पिथौरागढ़ में परिवहन विभाग ने डिकॉय ऑपरेशन चलाकर अवैध रूप से किराये पर चलाई जा रही दो निजी स्कूटियों को सीज किया, जबकि वन विभाग ने चार महीनों में जंगलों में आग लगाने के 166 मामलों में कार्रवाई दर्ज की है।

वहीं देहरादून के चर्चित युवक बर्बरता मामले में पुलिस ने करंट लगाने और गर्म रॉड से दागने के आरोपों को साक्ष्यों के अभाव में खारिज करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।

पिथौरागढ़ में पर्यटन सीजन के दौरान निजी दोपहिया वाहनों को अवैध रूप से किराये पर चलाने की शिकायतों पर परिवहन विभाग ने ग्राहक बनकर डिकॉय ऑपरेशन किया। टीम ने दो निजी स्कूटियां किराये पर लेकर मौके पर ही सीज कर दीं।

एआरटीओ प्रवर्तन शिवांश कांडपाल ने कहा कि बिना व्यावसायिक परमिट निजी वाहनों का किराये पर संचालन मोटर वाहन अधिनियम का उल्लंघन है और ऐसे वाहनों में यात्रियों की सुरक्षा भी खतरे में रहती है। विभाग ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।

उधर वन विभाग ने बताया कि इस वर्ष फॉरेस्ट फायर सीजन के दौरान जंगलों में आग लगाने या उसके लिए जिम्मेदार पाए गए लोगों के खिलाफ अब तक 166 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें 148 मामले वन विभाग ने दर्ज किए, जबकि 18 मामलों में पुलिस में एफआईआर कराई गई।

जांच के दौरान छह लोगों की पहचान हुई है और एक मामला ट्रायल कोर्ट तक पहुंच चुका है। दो मामलों में 14,500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। विभाग के अनुसार वर्ष 2026 में अब तक 580 वनाग्नि की घटनाओं में करीब 500.81 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है।

सीसीएफ वनाग्नि सुशांत पटनायक ने कहा कि आग लगाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
इधर देहरादून के पटेलनगर क्षेत्र में युवक के साथ मारपीट के चर्चित मामले में पुलिस की जांच में नया मोड़ आया है।

पुलिस ने स्पष्ट किया कि पीड़ित द्वारा लगाए गए करंट लगाने और गर्म लोहे की रॉड से दागने के आरोपों की पुष्टि डॉक्टरों की रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों से नहीं हुई।

हालांकि जांच में मारपीट की पुष्टि होने पर नामजद आरोपी अंकुर वाल्मीकि को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार घटना स्कूटी की टक्कर के बाद हुए विवाद से शुरू हुई थी और मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच अभी जारी है।