GIC बांगीधार में बवाल! शिक्षिका पर छात्रों के बाल काटने और यूनिफॉर्म फाड़ने का आरोप
देहरादून। उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के सल्ट क्षेत्र स्थित राजकीय इंटर कॉलेज (GIC) बांगीधार में एक शिक्षिका पर 12वीं कक्षा के पांच छात्रों के साथ कथित अभद्र व्यवहार का मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश फैल गया है।
आरोप है कि भूगोल प्रवक्ता आरजू अफरोज अंसारी ने अनुशासन के नाम पर छात्रों के बाल कटवा दिए, उनकी स्कूल यूनिफॉर्म ब्लेड से फाड़ दी, कॉपियां नष्ट कर दीं और दो छात्राओं की नोटबुक के पन्ने भी फाड़ दिए। मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित कर दी है।
होमवर्क पर विवाद, फिर कथित अपमानजनक सजा
पीड़ित छात्रों का आरोप है कि होमवर्क पूरा नहीं होने पर शिक्षिका ने उन्हें पहले कक्षा से बाहर निकाल दिया। इसके बाद कथित रूप से ब्लेड से उनकी यूनिफॉर्म फाड़ दी गई और चाकू मंगवाकर उनके बाल काट दिए गए।
छात्रों का कहना है कि यह पूरी घटना अन्य विद्यार्थियों के सामने हुई, जिससे उन्हें मानसिक आघात और सार्वजनिक अपमान का सामना करना पड़ा।
छात्रों के अनुसार शिक्षिका पहले भी कई बार बाल छोटे करवाने की चेतावनी दे चुकी थीं। उन्होंने माना कि समय पर बाल नहीं कटवाना उनकी गलती थी, लेकिन उनका कहना है कि इस तरह की सजा अनुचित, अमानवीय और अपमानजनक थी।
पांच छात्र और दो छात्राएं प्रभावित
घटना में सौरभ, अनुज नेगी, सूरज बिष्ट, योगेश शर्मा और योगेश जोशी के प्रभावित होने की बात सामने आई है। आरोप है कि इन छात्रों की कॉपियां भी फाड़ दी गईं, जबकि दो छात्राओं की नोटबुक के पन्ने भी नुकसान पहुंचाए गए।
घर पहुंचने पर खुला मामला, स्कूल में हुआ विरोध
बुधवार को जब छात्र फटी हुई यूनिफॉर्म और कटे हुए बालों के साथ घर पहुंचे तो उन्होंने पूरी घटना अपने परिजनों को बताई। इसके बाद गुरुवार सुबह बड़ी संख्या में ग्रामीण, ग्राम प्रधान, स्थानीय जनप्रतिनिधि और विश्व हिंदू परिषद (VHP) के कार्यकर्ता स्कूल पहुंचे।
करीब दो घंटे तक चले विरोध प्रदर्शन के दौरान लोगों ने शिक्षिका के खिलाफ सख्त कार्रवाई, निलंबन और सेवा से हटाने की मांग की। स्कूल परिसर में तनावपूर्ण माहौल बना रहा।
शिक्षिका ने सौंपा लिखित माफीनामा
विवाद बढ़ने के बाद भूगोल प्रवक्ता आरजू अफरोज अंसारी ने विद्यालय के प्रधानाचार्य राजेंद्र बगोरिया को लिखित माफीनामा सौंपा। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न होने का आश्वासन दिया।
इसके बाद आवश्यक कार्य का हवाला देकर अवकाश लेकर स्कूल से चली गईं। हालांकि इस कदम से अभिभावकों और स्थानीय लोगों का आक्रोश शांत नहीं हुआ।
प्रशासन ने बनाई जांच समिति
मामले की गंभीरता को देखते हुए सल्ट के एसडीएम रिंकू बिष्ट ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की है। समिति को पूरे घटनाक्रम की जांच कर 26 जुलाई तक अपनी रिपोर्ट प्रधानाचार्य और एसडीएम को सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। रिपोर्ट के आधार पर प्रशासन आगे की कार्रवाई करेगा।
पुलिस बोली- अभी तक नहीं मिली लिखित शिकायत
सल्ट थाना प्रभारी कश्मीर सिंह ने बताया कि समाचार लिखे जाने तक परिजनों की ओर से कोई लिखित एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई थी। उनका कहना है कि जांच समिति की रिपोर्ट मिलने के बाद तथ्यों के आधार पर नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है। प्रशासन की रिपोर्ट और पुलिस की आगे की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।


