बिग ब्रेकिंग: उत्तराखंड में मानसून का कहर, 71 सड़कें बंद। कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

उत्तराखंड में मानसून का कहर, 71 सड़कें बंद। कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

देहरादून। उत्तराखंड में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है और इसके साथ ही बारिश जनित आपदाओं का खतरा भी लगातार बढ़ता जा रहा है।

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) और राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (SEOC) ने प्रदेश के कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

लगातार हो रही बारिश और भूस्खलन के चलते प्रदेश में 71 सड़कें बंद हैं, जबकि एक अप्रैल से अब तक आपदा संबंधी घटनाओं में 20 लोगों की मौत और 23 लोग घायल हो चुके हैं।

मौसम विभाग ने अगले तीन घंटों के लिए अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल और उत्तरकाशी जिलों के कई क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

गंगोत्री, यमुनोत्री, केदारनाथ, बदरीनाथ, मसूरी, देवप्रयाग, कर्णप्रयाग, सोनप्रयाग, लैंसडाउन, रानीखेत, कौसानी सहित आसपास के इलाकों में बिजली चमकने, आंधी-तूफान और तेज से बहुत तेज बारिश की संभावना जताई गई है।

इस बीच देहरादून जिले की ऋषिकेश, डोईवाला, सदर, मसूरी, विकासनगर, कालसी और ट्यूनी तहसीलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है, जबकि चकराता में हल्की बारिश हो रही है। प्रशासन के अनुसार फिलहाल स्थिति सामान्य बनी हुई है।

मौसम विभाग के अनुसार 9 जुलाई को देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, नैनीताल और चम्पावत में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं टिहरी, पौड़ी, अल्मोड़ा, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में भी भारी वर्षा की संभावना है।

विभाग ने 10 से 12 जुलाई तक पर्वतीय जिलों में भारी बारिश का दौर जारी रहने और 14 जुलाई तक अधिकांश क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है।

पिछले 24 घंटों में राज्य में औसतन 15.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। सबसे अधिक 113.8 मिमी बारिश पंतनगर में रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा भगवानपुर में 68 मिमी, ऋषिकेश में 54 मिमी, मुक्तेश्वर में 44.8 मिमी, धनोल्टी में 44 मिमी और नैनीताल में 43 मिमी वर्षा दर्ज की गई।

राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार लगातार बारिश के कारण प्रदेश में दो स्टेट हाईवे, एक बीआरओ रोड, 16 पीडब्ल्यूडी और 52 ग्रामीण/पीएमजीएसवाई सड़कें सहित कुल 71 सड़कें बंद हैं।

सबसे अधिक 19 सड़कें चमोली और 15 सड़कें पिथौरागढ़ में बंद हैं। बागेश्वर में 11, नैनीताल और टिहरी में 6-6 तथा देहरादून में 5 सड़कें बाधित हैं।

बारिश के बीच चारधाम यात्रा भी जारी है। अब तक बदरीनाथ धाम में 14.58 लाख, केदारनाथ में 13.93 लाख, गंगोत्री में 6.85 लाख, यमुनोत्री में 6.37 लाख और हेमकुंड साहिब में 1.82 लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद प्रशासन ने यात्रा मार्गों पर निगरानी बढ़ा दी है।

राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार प्रदेश की प्रमुख नदियां फिलहाल खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं, लेकिन लगातार बारिश के कारण जलस्तर बढ़ रहा है।

प्रशासन ने लोगों और चारधाम यात्रियों से अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों से दूर रहने तथा मौसम और मार्ग की ताजा जानकारी लेकर ही यात्रा करने की अपील की है।