देहरादून में फर्जीवाड़ा बेनकाब। उम्र बढ़ाकर पेंशन लेने वाले 17 लोगों पर मुकदमा
- सहसपुर के खुशहालपुर गांव में खुलासा, समाज कल्याण विभाग की जांच में सामने आई गड़बड़ी
देहरादून। राजधानी देहरादून से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां लोगों ने सरकारी योजना का फायदा उठाने के लिए अपनी उम्र ही बढ़ा ली।
सहसपुर कोतवाली क्षेत्र के खुशहालपुर गांव में 17 ग्रामीणों ने आधार कार्ड में हेरफेर कर खुद को अधिक उम्र का दिखाया और वृद्धावस्था पेंशन का लाभ लेना शुरू कर दिया।
मामले का खुलासा तब हुआ जब समाज कल्याण विभाग उत्तराखंड को इस संबंध में शिकायत मिली। शिकायत के आधार पर उच्च अधिकारियों ने जांच के आदेश दिए। जांच में पाया गया कि संबंधित लोगों ने अपनी वास्तविक उम्र से अधिक आयु दर्ज कराकर पेंशन योजना का अनुचित लाभ उठाया।
सहायक समाज कल्याण अधिकारी सहसपुर संदीप सिंह द्वारा दी गई तहरीर के अनुसार, निदेशक समाज कल्याण, हल्द्वानी के निर्देश पर अपर जिला समाज कल्याण अधिकारी देहरादून और स्थानीय स्तर पर संयुक्त जांच की गई। जांच रिपोर्ट में आरोपों की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की।
सहसपुर कोतवाली में 17 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब मामले की गहराई से जांच कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस फर्जीवाड़े में और कौन-कौन शामिल हो सकता है।
प्रशासन सख्त, अन्य मामलों की भी हो सकती है जांच
यह मामला सरकारी योजनाओं में हो रहे दुरुपयोग की गंभीरता को उजागर करता है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में ऐसे मामलों पर और सख्ती बरती जाएगी। साथ ही, अन्य क्षेत्रों में भी इस तरह की गड़बड़ियों की जांच की जा सकती है।
सरकारी योजनाओं पर असर
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की धोखाधड़ी से असली जरूरतमंदों को नुकसान होता है। सरकार की मंशा जरूरतमंद बुजुर्गों तक सहायता पहुंचाने की होती है, लेकिन फर्जी लाभार्थी इस व्यवस्था को कमजोर कर देते हैं।

