उत्तराखंड टेबल टेनिस एसोसिएशन पर गंभीर आरोप, खिलाड़ियों और अभिभावकों ने उठाई भंग करने की मांग
देहरादून में आयोजित प्रेस वार्ता में उत्तराखंड टेबल टेनिस एसोसिएशन (UTTA) के खिलाफ खिलाड़ियों और अभिभावकों ने गंभीर आरोप लगाए। सीमांत पर्वतीय क्षेत्रों से आने वाले उभरते खिलाड़ियों के साथ भेदभाव का मुद्दा प्रमुख रूप से सामने आया।
उत्तरांचल प्रेस क्लब में हुई इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया गया कि एसोसिएशन के अध्यक्ष और सचिव बड़े शहरों की महंगी अकादमियों और अपने करीबी लोगों को प्राथमिकता दे रहे हैं, जबकि ग्रामीण और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की अनदेखी की जा रही है।
TTFI को भेजा गया शिकायती पत्र
खिलाड़ियों और अभिभावकों ने Table Tennis Federation of India (TTFI) को लिखे पत्र में एसोसिएशन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।
शिकायत में कहा गया है कि चयन प्रक्रिया पारदर्शी नहीं है और कई बार खिलाड़ियों को गलत ड्रॉ में डालकर आपसी मुकाबले कराए जाते हैं। अंपायरिंग को लेकर भी पक्षपात के आरोप लगाए गए हैं।
ग्रामीण खिलाड़ियों के साथ भेदभाव के आरोप
प्रेस वार्ता में यह भी कहा गया कि सीमांत और पहाड़ी क्षेत्रों के खिलाड़ियों को न सिर्फ नजरअंदाज किया जाता है, बल्कि उन्हें दबाव और धमकी का भी सामना करना पड़ता है।
एडिशनल एंट्री के नाम पर आर्थिक शोषण के आरोप भी सामने आए हैं। खिलाड़ियों का कहना है कि इन परिस्थितियों के चलते राज्य की टीमें राष्ट्रीय स्तर पर अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पा रही हैं।
टूर्नामेंट शेड्यूल टकराव से बढ़ी परेशानी
खिलाड़ियों ने यह मुद्दा भी उठाया कि 16 से 22 अप्रैल के बीच दिल्ली में होने वाले 69वें नेशनल स्कूल गेम्स और 15 से 23 अप्रैल तक आयोजित यूटीटी इंटर स्टेट जूनियर एवं यूथ नेशनल चैंपियनशिप की तारीखें आपस में टकरा रही हैं।
इससे खिलाड़ियों पर मानसिक दबाव बढ़ रहा है और वे एक साथ दोनों प्रतियोगिताओं में भाग नहीं ले पा रहे हैं।
तीन प्रमुख मांगें रखीं गईं
शिकायतकर्ताओं ने TTFI के सामने तीन मुख्य मांगें रखी हैं:-
- उत्तराखंड टेबल टेनिस एसोसिएशन को भंग किया जाए
- अध्यक्ष और सचिव को पद से हटाया जाए
- निष्पक्ष और खेल हितैषी लोगों के साथ नई एसोसिएशन का गठन किया जाए
आंदोलन की चेतावनी
खिलाड़ियों और अभिभावकों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन करेंगे या न्यायालय का रुख करेंगे।
प्रेस वार्ता में मौजूद रहे ये लोग
प्रेस वार्ता में कोच विजय कुमार, अभिभावक पुष्पा देवी, रविंद्री देवी सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे।
संपर्क:- कोच विजय कुमार – 9012749407
यह मामला न केवल खेल प्रशासन की पारदर्शिता पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि उत्तराखंड के ग्रामीण और उभरते खिलाड़ियों के भविष्य से भी जुड़ा हुआ है। अब देखना होगा कि TTFI इस शिकायत पर क्या कार्रवाई करता है।

