हरिद्वार में फर्जी दाइयों का भंडाफोड़, 18 पर केस। घरों में अवैध डिलीवरी का खेल उजागर
हरिद्वार। बहादराबाद क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से घरों में प्रसूताओं की डिलीवरी कराने वाली फर्जी दाइयों (अनट्रेंड गाइनो) के खिलाफ सख्त कदम उठाया है।
जांच के बाद 18 दाइयों को चिन्हित किया गया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. आर.के. सिंह के निर्देश पर एसीएमओ डॉ. रमेश कुंवर ने बहादराबाद कोतवाली में इनके खिलाफ तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
सीएमओ डॉ. आर.के. सिंह ने बताया कि निरीक्षण के दौरान बेहद चिंताजनक स्थिति सामने आई, जहां बिना किसी डिग्री और चिकित्सकीय प्रशिक्षण के महिलाएं घरों में प्रसव करा रही थीं।
यह न केवल अवैध है बल्कि जच्चा और नवजात दोनों की जान के लिए गंभीर खतरा पैदा करता है। कई मामलों में प्रसव के दौरान जटिलताएं बढ़ने पर मरीजों को रेफर करना पड़ा, जिससे जान का जोखिम और बढ़ गया।
जांच टीम की रिपोर्ट में सामने आया कि बहादराबाद क्षेत्र के कई इलाकों में बिना अनुमति और न्यूनतम स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में प्रसव कराए जा रहे थे।
इससे स्वास्थ्य विभाग की छवि पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा था। इसी आधार पर 18 महिलाओं की सूची तैयार कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई है।
जिले में जारी रहेगा अभियान
सीएमओ ने बताया कि हरिद्वार जिले के अन्य क्षेत्रों से भी इस तरह की शिकायतें मिल रही हैं। कई दाइयां महिलाओं को गुमराह कर घर पर प्रसव कराने के लिए प्रेरित कर रही हैं। ऐसे मामलों की पहचान के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है और जल्द ही अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
बहादराबाद की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरती बहल ने कहा कि लगातार मिल रही शिकायतों के बाद विशेष अभियान चलाकर ऐसे मामलों का खुलासा किया गया है। चिन्हित दाइयों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है और भविष्य में भी सख्ती जारी रहेगी।
वहीं थाना प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग से तहरीर प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
जनता से अपील
स्वास्थ्य विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि सुरक्षित प्रसव के लिए केवल सरकारी या मान्यता प्राप्त स्वास्थ्य केंद्रों का ही सहारा लें और किसी भी प्रकार की अवैध या बिना प्रशिक्षित व्यक्ति से प्रसव न कराएं।



