क्राइम रिपोर्ट: कहीं अपराधियों का आतंक तो कहीं प्रशासन का एक्शन, उत्तराखंड के छह जिलों से सात बड़ी खबरें

कहीं अपराधियों का आतंक तो कहीं प्रशासन का एक्शन, उत्तराखंड के छह जिलों से सात बड़ी खबरें

देहरादून। उत्तराखंड में अलग-अलग जिलों से सामने आई घटनाओं ने कानून-व्यवस्था, आमजन की सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को लेकर कई सवाल खड़े किए हैं। नैनीताल के बजून क्षेत्र में पर्यटकों और स्थानीय लोगों के बीच वाहनों की टक्कर को लेकर विवाद हो गया।

वहीं लालकुआं में बैंक के पास खड़ी बाइक दिनदहाड़े चोरी कर ली गई। दूसरी ओर हरिद्वार पुलिस ने 80 लाख रुपये से अधिक की साइबर ठगी के मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।

देहरादून में छात्रा से कथित छेड़छाड़ के मामले में शिक्षक की गिरफ्तारी न होने पर पीड़ित परिवार ने भूख हड़ताल की चेतावनी दी है।

जबकि रुद्रप्रयाग में आवारा कुत्तों और निराश्रित गौवंश के हमलों से लोगों में दहशत है। इधर रामनगर में वन भूमि से अतिक्रमण हटाने के लिए प्रशासन का बुलडोजर अभियान जारी है।

बजून में पर्यटकों और ग्रामीणों के बीच हंगामा, पांच गाड़ियों को नुकसान

नैनीताल में खुरपाताल से वाटरफॉल होते हुए कालाढूंगी की ओर जाने वाले राजकीय राजमार्ग पर शुक्रवार देर शाम पर्यटकों और स्थानीय लोगों के बीच विवाद हो गया।

आरोप है कि यूपी नंबर की एक तेज रफ्तार कार ने बजून क्षेत्र में सड़क किनारे खड़ी पांच गाड़ियों को टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके बाद चालक वाहन लेकर नैनीताल की ओर भाग निकला।

स्थानीय लोगों और टैक्सी चालकों के मुताबिक, कार संख्या UP23AX3042 अनियंत्रित गति से चल रही थी। कालाढूंगी से नैनीताल आते समय वाहन की चपेट में आने से कुछ लोगों को चोटें भी आईं।

इसके बाद करीब दो किलोमीटर आगे चारखेत क्षेत्र में कार को रोककर पुलिस के पास लाया गया। स्थानीय लोगों ने वाहन से हुए नुकसान की भरपाई की मांग की।

वहीं कार में सवार महिलाओं ने दूसरा पक्ष रखते हुए आरोप लगाया कि कुछ युवकों ने उनकी गाड़ी का पीछा किया और परिवार के साथ मारपीट करने का प्रयास किया।

महिलाओं के अनुसार, घबराहट में वाहन को पीछे लेने और आगे बढ़ाने के दौरान अन्य गाड़ियों को नुकसान पहुंचा। कुछ लोगों ने चालक के नशे में होने की आशंका भी जताई है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

दोनों पक्षों की ओर से कोतवाली पहुंचकर एक-दूसरे पर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस जांच के बाद ही घटना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

लालकुआं में बैंक के पास से दिनदहाड़े बाइक चोरी, सीसीटीवी में दिखे चार संदिग्ध

नैनीताल जिले के लालकुआं कोतवाली क्षेत्र में वाहन चोरी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। शुक्रवार दोपहर ट्रांसपोर्ट नगर स्थित एचडीएफसी बैंक के पास टायर की दुकान के बाहर खड़ी हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल चोरी कर ली गई। चोरी की यह वारदात आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है।

जानकारी के अनुसार, परमा हल्दूचौड़ निवासी सूरज पाल मौर्य पुत्र माखन लाल मौर्य शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे अपनी मोटरसाइकिल संख्या UK04AJ0831 बैंक के पास खड़ी कर निजी काम से किच्छा गए थे।

वापस लौटने पर बाइक गायब मिली। आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर चार संदिग्ध युवक दिखाई दिए, जिनमें से एक बाइक लेकर फरार होता नजर आ रहा है।

पीड़ित ने कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि लालकुआं, हल्दूचौड़ और मोटाहल्दू क्षेत्र में वाहन चोरों का गिरोह सक्रिय है।

आए दिन घरों, दुकानों और सार्वजनिक स्थानों से वाहन चोरी हो रहे हैं। लोगों ने एसएसपी नैनीताल से वाहन चोर गिरोह के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की मांग की है। फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच में जुटी है।

80 लाख की साइबर ठगी का खुलासा, छह बैंक खातों से आठ राज्यों में फैला नेटवर्क

हरिद्वार जिले की मंगलौर कोतवाली पुलिस ने 80 लाख रुपये से अधिक की साइबर ठगी के मामले का खुलासा करते हुए 23 वर्षीय आकाश कुमार पुत्र वीरेंद्र, निवासी गोपालपुर को गिरफ्तार किया है।

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी के नाम पर छह बैंक खाते संचालित थे, जिनके माध्यम से देश के आठ राज्यों में साइबर धोखाधड़ी की रकम का लेनदेन किया जा रहा था।

मामले की जानकारी प्रतिबिंब पोर्टल के माध्यम से सामने आई थी। जांच में संबंधित बैंक खाते के खिलाफ देश के विभिन्न राज्यों में 20 से अधिक साइबर शिकायतें दर्ज मिलीं। इसके बाद पुलिस ने धारा 318(4) बीएनएस और 66डी आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।

पुलिस के अनुसार, आरोपी लोगों को फोन और अन्य माध्यमों से संपर्क कर लॉटरी निकलने या बड़ा इनाम मिलने का झांसा देता था। लोग इनाम मिलने की उम्मीद में उसके बताए खातों में रकम भेज देते थे। इसके बाद ठगी की रकम एटीएम से निकालकर अन्य लाभार्थी खातों में ट्रांसफर की जाती थी।

जांच में गुजरात, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान, ओडिशा, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और पंजाब में साइबर ठगी से जुड़े लेनदेन की जानकारी मिली है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से छह बैंक पासबुक, छह एटीएम कार्ड और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं।

एसएसपी हरिद्वार नवनीत सिंह के नेतृत्व में पुलिस अब खातों के लेनदेन और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।

नशीली गोलियों की तस्करी में 12 साल पुराने मामले का फैसला, आरोपी को 10 साल की सजा

देहरादून में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चल रही कार्रवाई के बीच विशेष एनडीपीएस अदालत ने वर्ष 2014 के नशीली गोलियों की तस्करी के मामले में आरोपी को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है।

दून पुलिस के अनुसार, पुराने मामलों में प्रभावी पैरवी कर आरोपियों को सजा दिलाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में करीब 12 साल पुराने इस मामले में अदालत का फैसला आया है। पुलिस इसे नशे के खिलाफ चल रही कार्रवाई में महत्वपूर्ण सफलता मान रही है।

छात्रा से कथित छेड़छाड़ का मामला: शिक्षक की गिरफ्तारी न होने पर मां ने दी भूख हड़ताल की चेतावनी

देहरादून के एक प्रतिष्ठित स्कूल में छात्रा से कथित बैड टच के मामले में एफआईआर दर्ज होने के एक सप्ताह बाद भी आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं होने पर पीड़ित परिवार ने नाराजगी जताई है।

छात्रा की मां ने चेतावनी दी है कि यदि रविवार तक आरोपी शिक्षक गिरफ्तार नहीं होता है तो वह 2 नवंबर से स्कूल के बाहर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगी।

पीड़िता की मां के मुताबिक, 24 अक्टूबर को कोतवाली डालनवाला में मुकदमा दर्ज कराया गया था, लेकिन अब तक आरोपी शिक्षक के खिलाफ गिरफ्तारी की कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने पुलिस जांच की गति पर सवाल उठाते हुए स्कूल प्रबंधन के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है।

मां ने आरोप लगाया कि पुलिस जब अन्य विद्यार्थियों के बयान लेने स्कूल पहुंची तो कुछ बच्चों को अपनी बात रखने से रोकने का प्रयास किया गया।

उन्होंने स्कूल की एक शिक्षिका पर भी दूसरी छात्राओं को बयान नहीं देने के लिए कहने का आरोप लगाया है। इसके अलावा डायरेक्टर और प्रिंसिपल पर भी मामले की जानकारी छिपाने और घटना को दबाने का आरोप लगाया है।

वहीं एसपी सिटी शेखर चंद्र सुयाल के अनुसार, पुलिस मामले की जांच कर रही है। पीड़ित छात्रा के बयान दर्ज किए जा चुके हैं और अन्य छात्राओं से भी संपर्क कर साक्ष्य जुटाने का प्रयास किया जा रहा है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

रुद्रप्रयाग में आवारा कुत्तों और निराश्रित गौवंश का आतंक, चार लोग घायल

रुद्रप्रयाग जिले में आवारा कुत्तों और निराश्रित गौवंश की समस्या आमजन की सुरक्षा के लिए चुनौती बनती जा रही है। बीते दिनों सुमाड़ी भरदार और बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग के घोलतीर क्षेत्र में सामने आई घटनाओं ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।

सुमाड़ी भरदार में एक आक्रामक कुत्ते ने चार लोगों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। सूचना मिलने पर पशुपालन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद कुत्ते का रेस्क्यू कर उसे ग्राम प्रधान के सुपुर्द किया।

दूसरी घटना बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग के घोलतीर क्षेत्र में हुई, जहां एक निराश्रित गौवंश ने बच्चों और ग्रामीणों को दौड़ाना शुरू कर दिया। स्थिति को देखते हुए पशुपालन विभाग, वन विभाग और गौ रक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने ग्रामीणों के सहयोग से रेस्क्यू अभियान चलाया। काफी प्रयासों के बाद गौवंश को काबू कर रेंतोली स्थित निराश्रित गौवंश आश्रय स्थल पहुंचाया गया।

ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों के हमलों की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं और अब तक 12 से अधिक लोग कुत्तों के काटने से घायल हो चुके हैं।

ग्राम प्रधान राकेश राणा, क्षेत्र पंचायत सदस्य सतीश राणा और बॉबी राणा ने प्रशासन से निराश्रित पशुओं को सड़कों पर छोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

रामनगर में वन भूमि से अतिक्रमण हटाने का अभियान, 80 से 82 परिवारों के मकानों पर बुलडोजर

रामनगर के तराई पश्चिमी वन प्रभाग के अपर कोसी क्षेत्र में शुक्रवार सुबह करीब 6:30 बजे अतिक्रमण हटाने के लिए प्रशासन ने बड़ा अभियान शुरू किया।

भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में बुलडोजर कार्रवाई की जा रही है। अभियान के तहत करीब 80 से 82 परिवारों के कच्चे और पक्के मकानों को हटाया जा रहा है।

यह कार्रवाई फेज-2 के तहत की जा रही है। अभियान शुरू होने से पहले ही कई परिवारों ने अपने मकानों को खुद ध्वस्त करना शुरू कर दिया था। लोग घरों से ईंटें, दरवाजे और अन्य सामान निकालकर सुरक्षित स्थानों पर ले जाते दिखाई दिए।

इससे पहले वर्ष 2025 में इसी क्षेत्र में फेज-1 के तहत करीब 51 परिवारों को हटाया गया था। फेज-2 में 90 से अधिक परिवारों को अतिक्रमण मुक्त कराने की तैयारी थी, लेकिन करीब 9 से 10 परिवारों के मामले उच्च न्यायालय में विचाराधीन होने के कारण उन्हें फिलहाल कार्रवाई से अलग रखा गया है।

प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे क्षेत्र को चार सुपर जोन, सात जोन और 14 सेक्टरों में बांटा है। मौके पर पुलिस बल के साथ फायर टीम और प्रशासनिक अधिकारी तैनात हैं।

वहीं प्रभावित परिवारों में अपने आशियाने उजड़ने को लेकर मायूसी और चिंता का माहौल है। कई परिवारों ने ठंड के मौसम में बच्चों और परिवार के साथ रहने की व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। फिलहाल अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई जारी है।