बिग ब्रेकिंग: पत्रकार पंकज मिश्रा की हत्या मामले में अमित सहगल समेत दो गिरफ्तार, दोबारा पोस्टमार्टम

पत्रकार पंकज मिश्रा की हत्या मामले में अमित सहगल समेत दो गिरफ्तार, दोबारा पोस्टमार्टम

रिपोर्ट- राजकुमार धीमान
देहरादून। वरिष्ठ पत्रकार पंकज मिश्रा की कथित पिटाई के बाद हुई मौत के मामले में देहरादून पुलिस ने हत्या के आरोपी एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म संचालक अमित सहगल और उसके सहयोगी पार्थोशील को गिरफ्तार कर लिया है। मृतक के भाई अरविंद मिश्रा की शिकायत पर पुलिस ने हत्या, लूट सहित अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।

इस बीच, परिजनों द्वारा पहले पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर असंतोष जताने के बाद बुधवार को डॉक्टरों के पैनल से पुनः पोस्टमार्टम कराया गया है। विस्तृत रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।

एफआईआर में क्या हैं आरोप

लखनऊ (आलमबाग) निवासी अरविंद मिश्रा द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर के अनुसार, 15 दिसंबर की रात करीब 10 बजे अमित सहगल अपने कुछ साथियों के साथ जाखन स्थित पंकज मिश्रा के घर पहुंचा।

आरोप है कि गाली-गलौच करते हुए पंकज के सीने और पेट पर बेरहमी से लात-घूंसे मारे गए, जिससे उनके मुंह से खून निकलने लगा।

एफआईआर में यह भी उल्लेख है कि आरोपियों में से एक ने पंकज को हार्ट और लिवर का मरीज बताते हुए उन्हीं हिस्सों पर हमला करने के लिए उकसाया।

मोबाइल छीना, पत्नी से बदसलूकी

मारपीट के बाद पंकज का मोबाइल फोन छीने जाने का भी आरोप है। घटना के दौरान मौजूद उनकी पत्नी लक्ष्मी जब पुलिस को फोन करने लगीं, तो आरोपियों ने उनका मोबाइल भी छीन लिया और बदसलूकी करते हुए मौके से फरार हो गए।

पुलिस के अनुसार, लक्ष्मी ने घटना की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की थी, जो अब अहम साक्ष्य मानी जा रही है।

रात में बिगड़ी हालत, अस्पताल में मृत घोषित

एफआईआर के मुताबिक, पंकज मिश्रा ने राहगीर के फोन से पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन चोट और भय की स्थिति में रात में कार्रवाई टाल दी गई।

16 दिसंबर तड़के करीब 3 बजे पंकज की तबीयत अचानक बिगड़ गई, वे अचेत होकर गिर पड़े। उन्हें एंबुलेंस से दून अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

किन धाराओं में मुकदमा

पुलिस ने मामले में भारतीय दंड संहिता की
धारा 103, 304, 333 और 352 के तहत केस दर्ज किया है। बुधवार देर शाम मुख्य आरोपी अमित सहगल और पार्थोशील को गिरफ्तार कर लिया गया।

गिरफ्तार आरोपियों का विवरण

  1. अमित सहगल पुत्र स्व. अशोक सहगल
    निवासी – विजयपुर गोपीवाला, थाना कैंट, देहरादून
    उम्र – 51 वर्ष
  2. पार्थोशील पुत्र मनिंद्रनाथ
    निवासी – मकान संख्या 11, पांच बावड़ी, गोरेगांव ईस्ट, मुंबई
    उम्र – 45 वर्ष

सोशल मीडिया पोस्ट से शुरू हुआ विवाद

पुलिस सूत्रों के अनुसार, विवाद की जड़ सोशल मीडिया पर डाली गई एक पोस्ट थी, जिसे लेकर पंकज मिश्रा का कुछ पत्रकार साथियों से विवाद हुआ।

बाद में पंकज ने पोस्ट हटाकर माफी भी मांगी थी। इसी विवाद के बाद मोबाइल पर कहासुनी हुई और फिर आरोपी घर पहुंचकर मारपीट पर उतर आए।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल

मंगलवार को कोरोनेशन अस्पताल में हुए पहले पोस्टमार्टम से परिजन संतुष्ट नहीं थे। उनका आरोप है कि रिपोर्ट में आंतरिक चोटों का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया। इसके बाद आज डॉक्टरों के पैनल से दोबारा पोस्टमार्टम कराया गया है।

जांच के प्रमुख बिंदु

  • क्या मारपीट सीधे मौत का कारण बनी
  • पहले से मौजूद बीमारी की भूमिका
  • छीने गए मोबाइल और कथित वीडियो का क्या हुआ
  • सभी आरोपियों की भूमिका
  • पुनः पोस्टमार्टम रिपोर्ट के निष्कर्ष
  • सोशल मीडिया पोस्ट की वास्तविक सामग्री

एसएसपी अजय सिंह के अनुसार, पुलिस हर पहलू की गहन जांच कर रही है। पुनः पोस्टमार्टम रिपोर्ट और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि यह मामला हत्या का है या किसी अन्य कारण से मौत हुई।