बड़ी खबर: छात्रवृत्ति घोटाला, एनकाउंटर, सनसनीखेज हत्या, सड़क हादसा और विकास पर नाराजगी

छात्रवृत्ति घोटाला, एनकाउंटर, सनसनीखेज हत्या, सड़क हादसा और विकास पर नाराजगी

देहरादून। उत्तराखंड में सोमवार को अपराध, भ्रष्टाचार, कानून-व्यवस्था और जनसरोकारों से जुड़ी कई बड़ी घटनाएं चर्चा में रहीं।

हरिद्वार में केंद्र सरकार की अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति योजना में करोड़ों रुपये की वित्तीय अनियमितता के आरोपों के बीच 19 शिक्षण संस्थानों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी हरिद्वार ने एसआईटी गठित कर जांच कराने के निर्देश दिए हैं।

उधर, उधम सिंह नगर के रुद्रपुर में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में लंबे समय से फरार वांटेड अपराधी जितेंद्र चौधरी पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल हो गया। उसके दो साथियों को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार तीनों किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।

वहीं हरिद्वार के मंगलौर क्षेत्र में दोस्ती को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई। दावत के बहाने बुलाकर 28 वर्षीय युवक गौरव की गोली मारकर हत्या कर दी गई।

सीमा विवाद के कारण कुछ समय तक उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश पुलिस घटनास्थल को लेकर असमंजस में रही, लेकिन सीमांकन के बाद मामला मंगलौर कोतवाली क्षेत्र का निकला। पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच तेज कर दी है।

इधर, पंतनगर थाना क्षेत्र में देर रात हुए भीषण सड़क हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा उस समय हुआ जब एक स्विफ्ट कार पहले सड़क पर आई भैंस से टकराई और फिर अनियंत्रित होकर सामने से आ रही स्कॉर्पियो से भिड़ गई। पुलिस दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

इस बीच उधम सिंह नगर के दिनेशपुर क्षेत्र में वर्षों से जर्जर सड़क को लेकर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। स्थानीय ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि विधानसभा चुनाव से पहले सड़क का निर्माण नहीं कराया गया तो वे “रोड नहीं तो वोट नहीं” अभियान चलाकर मतदान का बहिष्कार करेंगे।

ग्रामीणों का कहना है कि विकास के दावे केवल कागजों तक सीमित हैं, जबकि उन्हें आज भी बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है।

इन घटनाओं ने एक बार फिर उत्तराखंड में भ्रष्टाचार, कानून-व्यवस्था, सड़क सुरक्षा और विकास कार्यों की स्थिति को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।