156 दिन के आंदोलन के बाद उग्र हुए नर्सिंग अभ्यर्थी, पानी की टंकी पर चढ़े प्रदर्शनकारी
देहरादून। राजधानी देहरादून में वर्षवार नियुक्ति की मांग को लेकर चल रहा नर्सिंग अभ्यर्थियों का आंदोलन सोमवार को उग्र हो गया।
एकता विहार धरना स्थल पर पिछले 156 दिनों से आंदोलन कर रहे नर्सिंग एकता मंच से जुड़े चार अभ्यर्थी अल सुबह सर्वे चौक के पास स्थित पानी की टंकी पर चढ़ गए। उनके समर्थन में महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला भी टंकी पर चढ़ गईं। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है।
टंकी पर चढ़े अभ्यर्थियों के समर्थन में अन्य आंदोलनकारी नीचे धरना देकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं। नर्सिंग एकता मंच का कहना है कि वे पिछले 156 दिनों से अनिश्चितकालीन धरना और 22 दिनों से आमरण अनशन पर बैठे हैं, लेकिन सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
नर्सिंग एकता मंच के प्रदेश अध्यक्ष नवल ने कहा कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनके साथी पानी की टंकी से नीचे नहीं उतरेंगे।
उन्होंने बताया कि आंदोलन के दौरान 12 अभ्यर्थियों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा, जबकि पांच अभ्यर्थी आईसीयू तक पहुंच चुके हैं।
आंदोलनकारियों का आरोप है कि सरकार उनकी न्यायसंगत मांगों की लगातार अनदेखी कर रही है। उनका कहना है कि यदि समय रहते बातचीत के जरिए समाधान निकाला जाता तो उन्हें इस तरह का कदम उठाने की जरूरत नहीं पड़ती।
नर्सिंग अभ्यर्थियों की प्रमुख मांग है कि नियमावली को स्थायी रूप से वर्षवार किया जाए, ताकि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और नियमितता बनी रहे।
इसके साथ ही आईपीएचएस मानकों के आधार पर पूर्व की तरह 2000 पदों पर वर्षवार भर्ती प्रक्रिया दोबारा शुरू करने की मांग भी उठाई गई है।
पानी की टंकी पर चढ़ने वालों में कविता, विनोद, आनंद, धर्मेंद्र और ज्योति रौतेला शामिल हैं। ज्योति रौतेला ने कहा कि सरकार को चेताने और नर्सिंग अभ्यर्थियों की आवाज बुलंद करने के लिए उन्हें यह कदम उठाना

