बिग ब्रेकिंग: LT शिक्षक भर्ती मामले में हाईकोर्ट का बड़ा आदेश, UKSSSC को 3 माह में करना होगा पुनर्मूल्यांकन

LT शिक्षक भर्ती मामले में हाईकोर्ट का बड़ा आदेश, UKSSSC को 3 माह में करना होगा पुनर्मूल्यांकन

नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने एलटी ग्रेड सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) की सभी विशेष अपीलों को निस्तारित कर दिया है।

मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार गुप्ता और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ ने आयोग को अपीलें वापस लेने की अनुमति देते हुए एकलपीठ के आदेश का तीन माह के भीतर अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

मामला एलटी ग्रेड सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा के प्रश्नपत्र ‘डी’ के प्रश्न संख्या-64 से संबंधित है। एकलपीठ ने अपने पूर्व आदेश में पाया था कि आयोग ने इस प्रश्न के लिए केवल विकल्प ‘बी’ को सही माना था, जबकि विशेषज्ञों की राय के अनुसार विकल्प ‘बी’ और ‘सी’ दोनों सही उत्तर थे।

न्यायालय ने आयोग को प्रश्न का पुनर्मूल्यांकन कर अभ्यर्थियों को निर्धारित गाइडलाइन के अनुसार अंक प्रदान करने का निर्देश दिया था।

अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि 9 फरवरी 2025 को जारी अंतिम चयन सूची में शामिल अभ्यर्थियों के परिणामों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। पुनर्मूल्यांकन केवल अन्य अभ्यर्थियों के लिए किया जाएगा। संशोधित परिणाम में जिन अभ्यर्थियों के अंक अंतिम चयनित उम्मीदवार के बराबर या उससे अधिक होंगे, उन्हें नियुक्ति का अवसर दिया जाएगा।

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से अदालत को बताया गया कि प्रदेश में एलटी ग्रेड सहायक अध्यापकों के कई पद अभी भी रिक्त हैं।

यदि पुनर्मूल्यांकन के बाद नए अभ्यर्थी चयनित होते हैं और रिक्त पद पर्याप्त नहीं रहते, तो उनके लिए अधिसंख्य पद सृजित कर नियुक्ति दी जा सकती है। इस आधार पर एकलपीठ ने राज्य सरकार को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे।

खंडपीठ में आयोग की ओर से पेश अधिवक्ता ने कहा कि आयोग अब इन अपीलों को आगे नहीं बढ़ाना चाहता और एकलपीठ के आदेश का पालन करेगा। आयोग के इस आश्वासन को रिकॉर्ड पर लेते हुए न्यायालय ने लंबित अवमानना कार्यवाही भी समाप्त कर दी।

हालांकि अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि तीन माह के भीतर आदेश का अनुपालन नहीं किया गया, तो याचिकाकर्ताओं को अवमानना याचिका पुनर्जीवित कर आगे की कानूनी कार्रवाई करने की स्वतंत्रता होगी। इस फैसले से एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती से जुड़े कई अभ्यर्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है।