डी.डी. लॉ कॉलेज ने कानूनी अधिकारों के प्रति बढ़ाई जागरूकता। जस्टिस टंडन ने दिया कानूनी सशक्तिकरण का मंत्र
देहरादून। डी.डी. लॉ कॉलेज, देहरादून द्वारा 6 जून 2026 को कोलागढ़ स्थित पंचायत भवन में क्षेत्रवासियों के लिए विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तराखंड उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश माननीय न्यायमूर्ति राजेश टंडन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति राजेश टंडन, कॉलेज चेयरमैन जितेंद्र सिंह यादव, प्राचार्य डॉ. प्रवीण कुमार राठी तथा कोलागढ़ पार्षद देविका नोटियाल द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर की गई।
इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. प्रवीण कुमार राठी ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए विधिक जागरूकता शिविर के उद्देश्य और समाज में इसकी उपयोगिता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों को उनके संवैधानिक और कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है।
शिविर में डी.डी. लॉ कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने घरेलू हिंसा, साइबर फ्रॉड, सूचना का अधिकार (RTI), पर्यावरण संरक्षण, प्राथमिकी (FIR), श्रम कानून सहित विभिन्न सामाजिक एवं कानूनी विषयों पर विस्तार से जानकारी दी। विद्यार्थियों ने उपस्थित लोगों को उनके अधिकारों और कानूनी उपायों के बारे में जागरूक किया।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने नशा मुक्ति पर आधारित एक लघु नाटक भी प्रस्तुत किया, जिसे उपस्थित लोगों ने सराहा। नाटक के माध्यम से युवाओं और समाज को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया।
मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति राजेश टंडन ने अपने संबोधन में कानूनी अधिकारों, वैकल्पिक विवाद समाधान तंत्र, लोक अदालतों की भूमिका तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं।
उन्होंने कहा कि विधिक जागरूकता से ही नागरिक अपने अधिकारों की रक्षा कर सकते हैं और न्याय तक प्रभावी पहुंच सुनिश्चित कर सकते हैं।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे। इस अवसर पर सहायक प्राचार्य गोपिका यादव, वैदेही नेगी, महेश्वर नारायण, सुरभि सिंह, डॉ. जितेश सिंह, मयंक बगांरी, आनंद सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।


