Health Update: उत्तराखंड में स्वाइन फ्लू का बढ़ता खतरा। 24 घंटे में 25 नए मरीज, आंकड़ा 400 के पार

उत्तराखंड में स्वाइन फ्लू का बढ़ता खतरा। 24 घंटे में 25 नए मरीज, आंकड़ा 400 के पार

देहरादून। उत्तराखंड में बदलते मौसम के साथ सीजनल बीमारियों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। प्रदेश में स्वाइन फ्लू (H1N1) के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है।

पिछले 24 घंटे के भीतर 25 नए मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई है, जिसके बाद राज्य में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 408 पहुंच गई है। इनमें देहरादून जिले से 11 और अन्य जिलों से 14 नए मामले सामने आए हैं।

स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार अब तक 324 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं, जबकि 82 मरीजों का उपचार विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है। स्वाइन फ्लू से अब तक दो लोगों की मौत भी हो चुकी है। इसके अलावा डेंगू और कोरोना संक्रमण के मामलों में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, जिससे स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है।

बच्चे और बुजुर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित

स्वाइन फ्लू की चपेट में सबसे अधिक बच्चे और बुजुर्ग आ रहे हैं। आंकड़ों के अनुसार 1 से 10 वर्ष आयु वर्ग के 66 बच्चों में संक्रमण की पुष्टि हुई है।

वहीं 61 से 70 वर्ष आयु वर्ग के 70 और 51 से 60 वर्ष आयु वर्ग के 67 लोग संक्रमित पाए गए हैं। इससे साफ है कि कमजोर प्रतिरक्षा वाले वर्गों पर संक्रमण का असर अधिक पड़ रहा है।

महिलाओं से अधिक पुरुष संक्रमित

प्रदेश में कुल 408 संक्रमितों में 224 पुरुष और 184 महिलाएं शामिल हैं। इससे स्पष्ट है कि महिलाओं की तुलना में पुरुषों में संक्रमण के मामले अधिक सामने आ रहे हैं।

कोरोना और डेंगू के मामले भी बढ़े

स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना संक्रमण को लेकर 531 सैंपलों की जांच की, जिनमें 46 लोग पॉजिटिव पाए गए। इनमें 20 मरीज देहरादून और 26 अन्य जिलों के हैं। वहीं डेंगू की जांच के लिए 27,839 सैंपल लिए गए, जिनमें 150 मरीज संक्रमित मिले। इनमें से 128 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं जबकि 22 का इलाज जारी है।

स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड में

स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों के चिकित्सा प्रभारियों को निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। संदिग्ध मरीजों की जांच, उपचार और स्थिति पर लगातार नजर रखने को कहा गया है। अब तक स्वाइन फ्लू की जांच के लिए 1,017 सैंपलों की जांच की जा चुकी है।

देहरादून के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. मनोज शर्मा ने कहा कि सभी स्वास्थ्य अधिकारियों को फ्लू के मामलों की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए हैं।

अस्पतालों में आने वाले संदिग्ध मरीजों की जांच और उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है तथा संक्रमण बढ़ने की स्थिति में तत्काल आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

स्वाइन फ्लू से बचाव के लिए जरूरी सावधानियां

  • भीड़भाड़ वाले स्थानों पर मास्क का प्रयोग करें।
  • हाथों को नियमित रूप से साबुन या सैनिटाइज़र से साफ करें।
  • खांसी या छींक के समय रुमाल या टिश्यू का उपयोग करें।
  • चेहरे, आंख, नाक और मुंह को बार-बार छूने से बचें।
  • लक्षण दिखाई देने पर घर पर रहें और डॉक्टर से संपर्क करें।
  • पर्याप्त आराम और तरल पदार्थों का सेवन करें।