वीडियो: सतपुली में युवक की आत्महत्या से सनसनी। इंस्टाग्राम वीडियो में पुलिस पर गंभीर आरोप

सतपुली में युवक की आत्महत्या से सनसनी। इंस्टाग्राम वीडियो में पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप

पौड़ी। उत्तराखंड के सतपुली क्षेत्र में 20 वर्षीय युवक की आत्महत्या की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। युवक ने अपनी मौत से पहले सोशल मीडिया पर वीडियो साझा कर स्थानीय पुलिस, खासतौर पर थाना प्रभारी (एसएचओ), पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

देखें वीडियो:-

इंस्टाग्राम वीडियो में पुलिस पर आरोप

मृतक की पहचान सतपुली के रेतपुर निवासी पंकज कुमार (20) के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि आत्महत्या से पहले उसने Instagram पर एक वीडियो पोस्ट किया, जिसमें उसने पुलिस पर अभद्र व्यवहार और मारपीट के आरोप लगाए।

वीडियो में युवक ने कहा कि उसकी बात सुने बिना कार्रवाई की गई और उसके साथ ही नहीं, बल्कि उसके परिवार के साथ भी थाने में गलत भाषा का इस्तेमाल किया गया। अपने सुसाइड नोट में भी उसने लिखा कि “पुलिस में इंसानियत नहीं है” और अपनी मौत के लिए पुलिस को जिम्मेदार ठहराया।

बाइक सीज होने से था आहत

जानकारी के अनुसार युवक अपनी बाइक से बेहद जुड़ा हुआ था। पुलिस द्वारा बाइक सीज किए जाने के बाद वह मानसिक रूप से काफी परेशान हो गया था। परिजनों का कहना है कि वह इस घटना के बाद खुद को अपमानित महसूस कर रहा था और लगातार तनाव में था।

पुल के पास फंदे से लटका मिला शव

शनिवार सुबह रेतपुर-भिताड़ा पुल के पास युवक का शव फंदे से लटका मिला। सूचना मिलने पर Dial 112 के माध्यम से पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नीचे उतारा।

परिजनों के मुताबिक, युवक सुबह बिना बताए घर से निकला था। तलाश के दौरान पुल के पास उसका शव दिखाई दिया, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।

परिजनों का आरोप और भावुक अपील

मृतक की मां का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने बताया कि पंकज अपनी बाइक से बेहद लगाव रखता था और उसके सीज होने के बाद से ही अंदर से टूट गया था।

परिजनों का यह भी दावा है कि आत्महत्या के समय युवक ने हेलमेट पहन रखा था, जो उसके बाइक के प्रति लगाव को दर्शाता है। साथ ही उन्होंने पुलिस के व्यवहार पर गंभीर सवाल उठाए हैं।

जांच शुरू, वीडियो और नोट होंगे अहम आधार

घटना के बाद क्षेत्र में लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस और एसडीआरएफ टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। अधिकारियों का कहना है कि युवक द्वारा लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच की जा रही है और इंस्टाग्राम वीडियो व सुसाइड नोट को महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है।

हालांकि, परिजन पोस्टमॉर्टम कराने से इनकार कर रहे हैं, लेकिन पुलिस के अनुसार कानूनी प्रक्रिया के तहत पोस्टमॉर्टम जरूरी है।

बड़े सवाल खड़े करता मामला

यह घटना जहां एक परिवार के लिए गहरी त्रासदी है, वहीं पुलिस के व्यवहार और संवेदनशीलता पर भी सवाल खड़े करती है। अब नजर जांच के निष्कर्ष और जिम्मेदारी तय होने पर टिकी है।