बिग ब्रेकिंग: गैस बुकिंग के नाम पर साइबर ठगी का जाल, एक क्लिक में खाली हो सकता है खाता

गैस बुकिंग के नाम पर साइबर ठगी का जाल, एक क्लिक में खाली हो सकता है खाता

देहरादून: उत्तराखंड में इन दिनों गैस सिलिंडर बुकिंग के नाम पर साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। बढ़ती मांग और अफवाहों के बीच सक्रिय हुए साइबर ठग लोगों की जरूरत और घबराहट का फायदा उठाकर उन्हें अपना शिकार बना रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, ठग फर्जी कस्टमर केयर नंबर, नकली वेबसाइट और मोबाइल ऐप के जरिए उपभोक्ताओं को अपने जाल में फंसा रहे हैं। ये लोग खुद को गैस एजेंसी का कर्मचारी बताकर पहले भरोसा जीतते हैं,

और फिर बुकिंग कन्फर्मेशन, KYC अपडेट या सब्सिडी के नाम पर OTP, बैंक डिटेल्स और अन्य निजी जानकारी मांगते हैं।

कई मामलों में ठग उपभोक्ताओं को एक लिंक भेजते हैं या स्क्रीन शेयरिंग ऐप डाउनलोड करने के लिए कहते हैं। जैसे ही यूजर इन निर्देशों का पालन करता है,

साइबर अपराधी उसके मोबाइल और बैंकिंग ऐप तक पहुंच बना लेते हैं। इसके बाद कुछ ही मिनटों में खाते से रकम गायब हो जाती है।

इसके अलावा QR कोड स्कैन कराने के नाम पर भी ठगी की जा रही है। ठग पैसे मिलने का झांसा देते हैं, लेकिन असल में उपभोक्ता के खाते से ही रकम कट जाती है।

देहरादून, हरिद्वार, हल्द्वानी और ऋषिकेश जैसे शहरों में इस तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।

उत्तराखंड पुलिस की साइबर सेल लगातार लोगों को जागरूक कर रही है। पुलिस का कहना है कि आजकल ठग रोजमर्रा की जरूरतों को निशाना बना रहे हैं, जिससे लोगों का भरोसा आसानी से जीता जा सके।

कैसे करें बचाव,

गैस बुकिंग के लिए केवल आधिकारिक ऐप और नंबर का ही उपयोग करें

  • किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें
  • बिना जांचे कोई ऐप डाउनलोड न करें
  • OTP, UPI PIN या बैंक डिटेल्स किसी से साझा न करें

अगर किसी के साथ ठगी होती है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके।