हाईकोर्ट के दो बड़े फैसले। दुष्कर्म केस में राहत नहीं, फ्लैट्स मैदान में ईद की नमाज को मंजूरी
नैनीताल। उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय ने बुधवार को दो महत्वपूर्ण मामलों में अहम आदेश जारी किए। एक ओर भवाली के चर्चित नरेश पांडे यौन शोषण मामले में पीड़िता और आरोपी की ओर से दायर याचिकाओं को खारिज कर दिया गया।
वहीं दूसरी ओर नैनीताल के डीएसए फ्लैट्स मैदान में ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज अदा करने की अनुमति दे दी गई।
नरेश पांडे मामले में समझौता और सुरक्षा संबंधी याचिकाएं खारिज
भवाली के उद्योग व्यापार मंडल अध्यक्ष नरेश पांडे से जुड़े चर्चित यौन शोषण मामले में न्यायमूर्ति न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की एकलपीठ ने सुनवाई के बाद पीड़ित युवती की समझौता संबंधी याचिका तथा नरेश पांडे को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी।
न्यायालय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अधिकारी को युवती द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर की निष्पक्ष जांच कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
मामले के अनुसार, भवाली निवासी एक युवती ने कोतवाली मल्लीताल में मुकदमा दर्ज कर आरोप लगाया था कि व्यापार मंडल अध्यक्ष नरेश पांडे ने शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की थी।
बाद में युवती ने मुकदमा वापस लेने की बात कहते हुए तल्लीताल थाना में तीन अन्य युवकों के खिलाफ नया मुकदमा दर्ज कराया। युवती का आरोप था कि इन युवकों ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उसे व्यापारी नेता के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज कराने के लिए दबाव बनाया था।
हाईकोर्ट ने फिलहाल मामले में किसी भी प्रकार की राहत देने से इनकार करते हुए जांच प्रक्रिया जारी रखने के निर्देश दिए हैं।
डीएसए फ्लैट्स मैदान में ईद की नमाज को मिली अनुमति
दूसरे महत्वपूर्ण मामले में उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय ने नैनीताल के डीएसए फ्लैट्स मैदान में ईद-उल-अजहा की नमाज अदा करने की अनुमति दे दी है। न्यायमूर्ति न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित की एकलपीठ ने प्रशासन, पुलिस और संबंधित कमेटी को कानून व्यवस्था तथा ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं।
यह याचिका अंजुमन इस्लामिया कमिटी की ओर से दायर की गई थी। कमेटी का कहना था कि पिछले लगभग सौ वर्षों से डीएसए फ्लैट्स मैदान में ईद की नमाज अदा की जाती रही है और कभी भी कानून व्यवस्था जैसी स्थिति उत्पन्न नहीं हुई।
याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता सुहेल सिद्दीकी ने न्यायालय को बताया कि पहले डीएसए की ओर से मैदान में नमाज की अनुमति दे दी गई थी, लेकिन बाद में उसे निरस्त कर दिया गया। साथ ही एसडीएम स्तर पर भी अनुमति आवेदन खारिज कर दिया गया था।
सुनवाई के दौरान यह भी कहा गया कि फ्लैट्स मैदान नैनीताल का प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र है, जहां बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं, लेकिन वर्षों से यहां शांतिपूर्ण तरीके से नमाज अदा होती रही है और कभी कोई विवाद या हंगामा नहीं हुआ।
सभी पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट ने अंजुमन इस्लामिया कमिटी को डीएसए फ्लैट्स मैदान में सुबह 9 बजे से 10 बजे तक ईद की नमाज अदा करने की अनुमति दे दी। न्यायालय ने प्रशासन और पुलिस को निर्देश दिए कि नमाज के दौरान ट्रैफिक और कानून व्यवस्था पूरी तरह सुचारु रखी जाए।

