बड़ी खबर: गैस किल्लत की खबर दिखाना पड़ा भारी। खटीमा में पत्रकार पर मुकदमा, पत्रकारों में उबाल

गैस किल्लत की खबर दिखाना पड़ा भारी। खटीमा में पत्रकार पर मुकदमा, पत्रकारों में उबाल

रिपोर्ट- मयंक पंत

खटीमा- उधम सिंह नगर।  जनपद के खटीमा क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एलपीजी गैस की किल्लत पर ग्राउंड रिपोर्ट दिखाने वाले एक पत्रकार के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। इस कार्रवाई के बाद पत्रकारों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार वरिष्ठ पत्रकार दीपक फुलेरा ने बुधवार को चकरपुर क्षेत्र में गैस की कमी और उपभोक्ताओं की लंबी कतारों को लेकर ग्राउंड रिपोर्ट प्रसारित की थी। इस खबर के प्रसारण के बाद भाजपा मंडल महामंत्री कमलदीप सिंह राणा ने इसे झूठा बताते हुए खटीमा थाने में तहरीर दी।

तहरीर में आरोप लगाया गया कि क्षेत्र में गैस की कोई किल्लत नहीं है और पत्रकार द्वारा सरकार की छवि खराब करने का प्रयास किया गया है। इसके आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 353 (1) (बी) के तहत पत्रकार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया।

सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि आमतौर पर तहरीर पर कार्रवाई में समय लेने वाली पुलिस ने इस मामले में बिना प्रारंभिक जांच के ही तत्काल मुकदमा दर्ज कर लिया। इसको लेकर पत्रकारों में रोष फैल गया है।

पत्रकारों का कहना है कि बिना निष्पक्ष जांच के इस तरह की कार्रवाई न केवल न्याय व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, बल्कि यह स्वतंत्र पत्रकारिता पर सीधा हमला भी है।

वहीं, एसएसपी उधम सिंह नगर अजय गणपति ने मुकदमा दर्ज होने की पुष्टि की है। दूसरी ओर पत्रकार दीपक फुलेरा ने स्पष्ट कहा कि वे जनहित के मुद्दों को उठाने से पीछे नहीं हटेंगे।

उन्होंने कहा,  “अगर सच दिखाना जुर्म है, तो यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। फर्जी मुकदमों से डरकर कलम नहीं रुकेगी।”

मामले ने पकड़ा तूल

इस घटना के बाद स्थानीय पत्रकार संगठनों में नाराजगी है और इसे प्रेस की स्वतंत्रता से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया जा रहा है। आने वाले दिनों में इस मामले के और गरमाने के आसार है।