काशीपुर में दिनदहाड़े फायरिंग, चंपावत में गुलदार का हमला। लोगों में दहशत
- एक युवक को गोली मारकर किया घायल, दूसरी ओर टूरिस्ट कैंप में सिक्किम निवासी पर जानलेवा हमला
रुद्रपुर। उत्तराखंड में कानून-व्यवस्था और वन्यजीव आतंक की दो अलग-अलग घटनाओं ने लोगों में भय का माहौल पैदा कर दिया है। काशीपुर में दिनदहाड़े फायरिंग की घटना सामने आई, जबकि पंचेश्वर क्षेत्र में गुलदार के हमले ने दहशत फैला दी।
काशीपुर में सरे बाजार युवक को गोली
काशीपुर के पेगा चौकी क्षेत्र में सानु मंसूरी नाम का युवक बाजार में सब्जी खरीदने गया था। इसी दौरान एक अज्ञात हमलावर ने उस पर अचानक गोली चला दी। गोली लगते ही युवक गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ा, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
स्थानीय लोगों ने तुरंत घायल को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसकी हालत स्थिर बताई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी हरेंद्र चौधरी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी।
सीओ बाजपुर विभव सैनी ने बताया कि आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और सभी पहलुओं पर जांच की जा रही है। अभी तक हमले के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है।
सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
दिनदहाड़े हुई इस फायरिंग ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने इलाके में गश्त बढ़ा दी है और संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है।
चंपावत में गुलदार का हमला, युवक घायल
वहीं, लोहाघाट ब्लॉक के पंचेश्वर क्षेत्र में एक गुलदार ने टूरिस्ट कैंप में सिक्किम निवासी इयान पर हमला कर दिया। हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गया, हालांकि लोगों के शोर मचाने पर गुलदार उसे छोड़कर भाग गया।
घायल को पहले लोहाघाट उप जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर किया गया।
कैंप में छुपकर किया हमला
कैंप संचालक डेनियल और स्थानीय युवाओं दीपक सामंत व महेश भट्ट के अनुसार, गुलदार दोपहर से ही इलाके में घूम रहा था। बाद में वह कैंप के शौचालय में छुप गया और जैसे ही इयान अंदर गया, उस पर हमला कर दिया।
डॉक्टर डॉ. विराज राठी ने बताया कि घायल के चेहरे और शरीर पर दांत और पंजों के निशान हैं, लेकिन वह खतरे से बाहर है।
वन विभाग अलर्ट, पिंजरा लगाने की तैयारी
वन विभाग के रेंजर एनडी पांडे ने बताया कि टीम मौके पर तैनात है और गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जा रहा है। क्षेत्र में गश्त भी बढ़ा दी गई है।
तीन दिन में दूसरी घटना
स्थानीय लोगों के अनुसार, तीन दिन के भीतर यह दूसरी घटना है। इससे पहले डगला क्षेत्र में भी एक महिला पर गुलदार ने हमला किया था। लगातार हो रही घटनाओं से ग्रामीणों और पर्यटकों में डर का माहौल है।
एक ओर काशीपुर में आपराधिक घटनाएं सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही हैं, तो दूसरी ओर चंपावत में गुलदार का बढ़ता आतंक लोगों के लिए खतरा बना हुआ है। दोनों ही मामलों में प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।




