दोषमुक्ति के बाद भी पासपोर्ट रोके जाने पर हाईकोर्ट सख्त, फ्रांसीसी महिला को मिली राहत
नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट ने फ्रांसीसी नागरिक रायर निकोल के पक्ष में एक अहम फैसला सुनाते हुए उनका पासपोर्ट बिना किसी शर्त के जारी करने का आदेश दिया है।
कोर्ट ने साफ कहा कि चूंकि याचिकाकर्ता को पहले ही आपराधिक मामले में दोषमुक्त किया जा चुका है और उनकी बरी होने की पुष्टि भी हो चुकी है, ऐसे में उन पर किसी प्रकार का प्रतिबंध लगाना कानूनन उचित नहीं है।
पासपोर्ट पर लगाई गई शर्तें हाईकोर्ट ने हटाईं
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति रवींद्र मैथानी और न्यायमूर्ति आलोक मेहरा की खंडपीठ ने की। अदालत ने निचली अदालत द्वारा लगाए गए सभी प्रतिबंधों को निरस्त करते हुए स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता अब किसी भी प्रकार के वचन पत्र या मुचलके की बाध्यता से मुक्त हैं।
क्या है पूरा मामला
60 वर्षीय रायर निकोल, जो वर्तमान में अल्मोड़ा जिले के दीनापानी क्षेत्र में रह रही थीं, को बागेश्वर जिले की कपकोट पुलिस और एसओजी ने 19 फरवरी 2022 को खाईबगड़ नया पुल तिराहे के पास से गिरफ्तार किया था। पुलिस ने उनके पास से एक किलो से अधिक चरस बरामद करने का दावा किया था।
हालांकि, पुलिस अपने आरोपों को अदालत में साबित नहीं कर सकी। इसके बाद विशेष सत्र न्यायालय, बागेश्वर ने 30 सितंबर 2025 को राज्य बनाम रायर निकोल व अन्य मामले में उन्हें दोषमुक्त करार दे दिया।
निचली अदालत ने लगाई थीं शर्तें
दोषमुक्त होने के बाद जब रायर निकोल ने अपना पासपोर्ट वापस मांगा, तो विशेष सत्र न्यायाधीश, बागेश्वर ने 16 सितंबर 2025 को कुछ शर्तों के साथ पासपोर्ट रिलीज करने का आदेश दिया था।
इन शर्तों में शामिल था
- ₹30,000 का निजी मुचलका
- अपील अवधि तक देश न छोड़ने का वचन पत्र
- याचिकाकर्ता ने इन्हीं शर्तों को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।
राज्य की अपील पहले ही हो चुकी थी खारिज
सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने पाया कि राज्य सरकार द्वारा दायर अपील पहले ही खारिज की जा चुकी है। ऐसे में निचली अदालत द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों का कोई औचित्य नहीं बचता।
“जहां चाहें वहां जाने के लिए स्वतंत्र” – हाईकोर्ट
हाईकोर्ट ने अपने आदेश में स्पष्ट शब्दों में कहा कि, “याचिकाकर्ता अब किसी भी प्रकार का वचन पत्र देने के लिए बाध्य नहीं हैं और वह जहां चाहें वहां जाने के लिए पूर्णतः स्वतंत्र हैं।”
इसके साथ ही अदालत ने याचिका निस्तारित करते हुए पासपोर्ट तत्काल और बिना शर्त जारी करने का आदेश दिया।
कौन हैं रायर निकोल
- फ्रांस की नागरिक
- पिता का नाम: रायर आंद्रे
- निवास: कालीमठ कसार देवी क्षेत्र, अल्मोड़ा
- वर्ष 2022 में चरस तस्करी के आरोप में गिरफ्तारी
- वर्ष 2025 में सत्र न्यायालय से पूर्ण दोषमुक्ति



