रामनगर पुछड़ी अतिक्रमण केस। बेघर हुए पीड़ितों ने सलीम–ताहिर पर लगाया ठगी का आरोप
रामनगर। पुछड़ी क्षेत्र में रविवार तड़के जिला प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए 52 अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर दिया।
सुबह 5 बजे भारी पुलिस बल की मौजूदगी में शुरू हुई इस कार्रवाई ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। कई परिवार रोते-बिलखते नजर आए और जमीन खरीद के नाम पर गंभीर आरोप सामने आए हैं।
पीड़ितों का आरोप: पत्रकार सलीम और डॉ. ताहिर ने धोखे से बेची जमीन
कार्रवाई के दौरान बेघर हुए परिवारों ने दावा किया कि उन्होंने यह जमीन पत्रकार सलीम और डॉ. ताहिर से खरीदी थी। पीड़ितों का कहना है कि उन्हें वैध दस्तावेज दिखाकर प्लॉट बेचे गए, लेकिन अब प्रशासन जमीन को वन भूमि बताते हुए घर तोड़ रहा है।
पीड़ितों ने आरोप लगाया कि, “हमें धोखे में रखा गया, जमा-पूंजी लगाकर घर बनाए, अब परिवार सड़क पर आ गया।”
एसडीएम का बयान: घोटाले में दो नाम प्रमुख, मिलेगी लिखित शिकायत तो होगी कार्रवाई
उपजिलाधिकारी (रामनगर) प्रमोद कुमार ने मामले पर कहा, “जमीन घोटाले में दो मुख्य नाम सामने आए हैं। सलीम (पत्रकार) और डॉ. ताहिर। SIT जांच में भी इनके नाम आने की संभावना है। यदि लिखित शिकायत मिलती है, तो नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।” प्रशासन फिलहाल पूरे मामले को जांच के दायरे में रख रहा है।
पहले 170 परिवारों को नोटिस, कोर्ट में भी पहुंचे कई लोग
प्रशासन के अनुसार
- पुछड़ी क्षेत्र में कुल 170 परिवारों को पहले बेदखली नोटिस दिए गए थे।
- इनमें से कई परिवार स्वेच्छा से मकान खाली कर चुके थे।
- करीब 130 परिवार अभी भी मौजूद थे, जिनमें से 40 परिवार कोर्ट की शरण में चले गए हैं।
- पहले चरण में 52 अवैध निर्माण गिराए गए हैं।
20 हेक्टेयर भूमि अतिक्रमण मुक्त, तनाव बरकरार
कार्रवाई के दौरान लगभग 20 हेक्टेयर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। पूरे समय अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहा ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।
कार्रवाई के बाद क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। बेघर हुए परिवार न्याय की गुहार लगा रहे हैं, वहीं प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि अवैध कब्जों पर आगे भी सख्त रुख जारी रहेगा।



