बिग ब्रेकिंग: उत्तराखंड बजट सत्र 2026 गैरसैंण में तय, महिलाओं के लिए बजट का 30% आरक्षित करने का प्रस्ताव

उत्तराखंड बजट सत्र 2026 गैरसैंण में तय, महिलाओं के लिए बजट का 30% आरक्षित करने का प्रस्ताव

देहरादून। उत्तराखंड में बजट सत्र 2026 की तैयारियां तेज़ हो गई हैं। हालांकि बजट सत्र की तिथियों का अभी औपचारिक ऐलान नहीं हुआ है, लेकिन सत्र के आयोजन स्थल को लेकर स्थिति स्पष्ट हो गई है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घोषणा की है कि आगामी विधानसभा बजट सत्र ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में आयोजित किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले वर्ष भी बजट सत्र गैरसैंण में प्रस्तावित था, लेकिन विधानसभा भवन में मेंटेनेंस कार्य चलने के कारण सत्र वहां आयोजित नहीं हो सका था। इस बार सरकार ने पहले से सभी तैयारियां कर ली हैं, ताकि बजट सत्र भराड़ीसैंण में ही आहूत किया जा सके।

मंत्रिमंडल ने बजट सत्र के आयोजन को लेकर मुख्यमंत्री को अधिकृत किया था, जिसके बाद यह निर्णय लिया गया है। विधानसभा सत्र की तिथियों की घोषणा जल्द किए जाने की संभावना है।

बजट तैयारियों में जुटा वित्त विभाग

वित्त सचिव दिलीप जावलकर ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए सभी विभागों से बजट मांगें एक माह पूर्व ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से मंगाई गई थीं। सभी विभागों ने अपनी मांगें पोर्टल पर अपलोड कर दी हैं और अब पोर्टल बंद कर दिया गया है।

उन्होंने कहा कि विभागीय मांगों का परीक्षण पूरा हो चुका है और अब सभी विभागों के साथ क्रमवार बजट पर चर्चा की जा रही है। यह प्रक्रिया लगभग एक महीने तक चलेगी, ताकि विभागों की प्राथमिकताओं को ध्यान में रखते हुए बजट को अंतिम रूप दिया जा सके।

वित्त सचिव ने यह भी बताया कि 1 फरवरी को केंद्र सरकार द्वारा पेश किए जाने वाले आम बजट का अध्ययन राज्य बजट से पहले किया जाएगा, क्योंकि केंद्रीय बजट का राज्य के वित्तीय प्रावधानों पर सीधा प्रभाव पड़ता है। इसके बाद राज्य बजट को अंतिम रूप देकर मंत्रिमंडल के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।

पिछले बजट सत्र में पारित हुए प्रमुख विधेयक

पिछले विधानसभा सत्र में उत्तराखंड नगर निकाय संशोधन, जेंडर आरक्षण, जीएसटी संशोधन, निजी विश्वविद्यालय संशोधन, भूमि व्यवस्था संशोधन सहित कुल 13 महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए थे, जिनमें विनियोग विधेयक 2025 भी शामिल है।

महिलाओं के लिए बजट का 30% आरक्षित करने का सुझाव

इसी बीच महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने आगामी बजट को लेकर मुख्य सचिव आनंद बर्धन को पत्र लिखकर बजट का कम से कम 30 प्रतिशत हिस्सा महिलाओं के लिए आरक्षित करने का सुझाव दिया है।

रेखा आर्या ने पत्र में कहा कि उत्तराखंड में पिछले दो दशकों से जेंडर बजटिंग की व्यवस्था लागू है और पिछले पांच वर्षों में भाजपा सरकार ने लगातार जेंडर बजट का अनुपात बढ़ाया है। वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-26 में कुल 1,01,175 करोड़ रुपये के बजट में जेंडर बजट का हिस्सा लगभग 17 प्रतिशत है।

उन्होंने कहा कि महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए अधिक संसाधनों की आवश्यकता है, इसलिए सभी विभागों को अपने-अपने बजट में कम से कम 30 प्रतिशत राशि महिला केंद्रित योजनाओं के लिए आरक्षित करनी चाहिए और इस नीति का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए।