बिग ब्रेकिंग: अभिनेत्री उर्मिला सनावर ने रोशनाबाद कोर्ट में जमा कराया मोबाइल, दिए वॉयस सैंपल

अभिनेत्री उर्मिला सनावर ने रोशनाबाद कोर्ट में जमा कराया मोबाइल, दिए वॉयस सैंपल

हरिद्वार। बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में ऑडियो–वीडियो के माध्यम से कथित ‘वीआईपी’ के नाम उजागर करने के दावे के बाद सुर्खियों में आई अभिनेत्री उर्मिला सनावर सोमवार को हरिद्वार के रोशनाबाद स्थित न्यायालय पहुंचीं।

इस दौरान उन्होंने जांच से जुड़ा अपना मोबाइल फोन कोर्ट के समक्ष जमा कराया और अपनी आवाज के सैंपल भी दिए।

जांच से जुड़ा मोबाइल कोर्ट में सौंपा

उर्मिला सनावर की ओर से दावा किया गया है कि इसी मोबाइल फोन में अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य और ऑडियो रिकॉर्डिंग मौजूद हैं। ऑडियो सामने आने के बाद बहादराबाद और झबरेड़ा थानों में मुकदमे दर्ज किए गए थे, वहीं एसआईटी द्वारा उर्मिला से पूछताछ भी की जा चुकी है।

सुरेश राठौर कोर्ट में पेश नहीं हो सके

सोमवार को इस मामले में बीजेपी से निष्कासित ज्वालापुर के पूर्व विधायक सुरेश राठौर को भी कोर्ट में पेश होना था, लेकिन स्वास्थ्य कारणों के चलते वे न्यायालय नहीं पहुंच सके।

कड़ी सुरक्षा के बीच हुई पेशी

रोशनाबाद कोर्ट में उर्मिला सनावर के साथ स्वामी दर्शन भारती भी मौजूद रहे। कोर्ट परिसर में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे और पुलिस बल तैनात रहा। मामले की जांच कर रहे इंस्पेक्टर आर.के. सकलानी सहित कई अधिकारी भी मौके पर उपस्थित रहे।

सीबीआई जांच का आदेश पहले ही

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले ही इस पूरे प्रकरण की सीबीआई जांच के आदेश दे चुके हैं। ऐसे में कोर्ट में जमा कराए गए मोबाइल और वॉयस सैंपल जांच को किस दिशा में ले जाते हैं, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।

ऑडियो–वीडियो के बाद फिर गरमाया था मामला

इससे पहले उर्मिला सनावर ने वीडियो जारी कर अपने और पूर्व विधायक सुरेश राठौर से जुड़ी कथित बातचीत का ऑडियो साझा किया था, जिसमें एक कथित ‘वीआईपी’ का भी उल्लेख किया गया था। ऑडियो सामने आने के बाद तीन साल से शांत पड़ा अंकिता भंडारी हत्याकांड एक बार फिर चर्चा में आ गया था और प्रदेशभर में राजनीतिक व सामाजिक हलचल तेज हो गई थी।

“अंकिता को अभी आधा न्याय मिला है”

कोर्ट परिसर में मीडिया से बातचीत में उर्मिला सनावर ने कहा कि वह अंकिता भंडारी को पूरा न्याय दिलाने के लिए लड़ाई लड़ रही हैं।

उन्होंने कहा, “जिस डिवाइस में अंकिता भंडारी केस से जुड़े साक्ष्य हैं, उसे मैंने कोर्ट में जमा कराया है और अपनी वॉयस के सैंपल भी दिए हैं। मैं मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करती हूं कि उन्होंने इस मामले में सीबीआई जांच की संस्तुति की। अभी अंकिता को आधा न्याय मिला है। पूरा न्याय तब मिलेगा, जब उस वीआईपी का नाम जनता के सामने आएगा।”