बड़ी खबर: राशन की कालाबाजारी करने वाले दो आरोपियों को सश्रम कारावास, जुर्माना भी ठोका

राशन की कालाबाजारी करने वाले दो आरोपियों को सश्रम कारावास, जुर्माना भी ठोका

देहरादून। उत्तराखण्ड के हल्द्वानी में राशन की कालाबाजारी/भंडारण करने वाले दो अभियुक्तों को सी.जे.एम.नैनीताल ने चार चार वर्ष का सश्रम कारावास और पचास पचास हजार का जुर्माना लगाया है।

नैनीताल के मुख्य न्यायिक मैजिस्ट्रेट(सी.जे.एम.)रवि प्रकाश शुक्ल के न्यायालय से बुधवार को जारी एक आदेश में मो.अहमद ‘गुड्डु’ और जावेद को 3/7 आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के अंतर्गत दोषसिद्धि का आदेश दिया गया है।

मामले के अनुसार हल्द्वानी के पूर्ति निरीक्षक रवि सनवाल ने 27 जनवरी 2021 को वनभुलपुरा थाने में तहरीर देकर जानकारी दी कि मुखबिर खास की सूचना पर उन्होंने पुलिस बल समेत गौजाजाली क्षेत्र में सरकारी गेहूं/चावल की काला बाजारी और अवैध भंडारण की सूचना पर छापा मारा।

शाम 7:15 बजे प्रवर्तन दल ने पिक अप संख्या यू.के.04 सी.ए.0367 में कुछ चावल के कट्टे भरे पाए, जिन्हें लेबर द्वारा सामने ही मो.अहमद ‘गुड्डु’ के घर पहुंचाया जा रहा था।

अचानक पुलिस को देखकर लेबर और वाहन चालक भाग निकले, जिन्हें पकड़ा नहीं जा सका। घर के अंदर से 20 जबकि वाहन से 28 कट्टे सरकारी चावल और 8 कट्टे सरकारी गेहूं बरामद हुआ।

ये चावल और गेहूं सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत आम कार्ड धारकों को वितरित किये जाने के लिए आवंटित किया जाता है।

घर में मौजूद सदस्यगणों से राशन के कागजात दिखाने और मो.अहमद ‘गुड्डु’ को बुलाने को कहा गया तो न ही वो कागजात दिख सके और न ही मो.अहमद ‘गुड्डु’ आया।

पुलिस और खाद्यान विभाग ने सामान और वाहन को जब्त कर वनभुलपुरा थाने में मुकदमा दर्ज कर दिया।12 सितंबर 2022 को मो.अहमद ‘गुड्डु’ और जावेद ने आत्मसमर्पण किया। इन्हें उसी दिन जमानत मिल गई।

मामले में उप निरीक्षक संजय बोरा के अन्वेषण के बाद मो.अहमद ‘गुड्डु’ व जावेद के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य पाते हुए आरोप पत्र(चार्ज शीट)सी.जे.एम.न्यायालय में प्रस्तुत की गई।

आरोप विरचित होने के बाद अभियुक्तगण ने दोषी होने का अभिवचन करने से इनकार किया और विचारण चाहा। सी.जे.एम. न्यायालय ने दोषसिद्धगण मो.अहमद ‘गुड्डु’ व जावेद को उनके खिलाफ लगाई गई धारा 3/7 आवश्यक वस्तु अधिनियम में दोषसिद्ध किया है।

इसमें दोनों को 4-4 वर्ष का सश्रम कारावास व पचास पचास हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है। मामले में अभियोजन अधिकारी श्रद्धा रावत रही।